महाराष्ट्र सरकार के फैसले से बड़ी अमित शाह की मुश्किल, जस्‍टिस लोया की मौ’त के मामले की जांच पर….

महाराष्ट्र से बीजेपी के लिए बुरी खबर आ रही है। महाराष्ट्र सरकार ने जस्टिस बीएच लोया की हुई सं’दिग्ध हालत में मौ’त की जांच के लिए विचार कर सकती है। राज्य सरकार के एक मंत्री ने बुधवार को कहा कि राज्य सरकार के पास आगर प्रयाप्त सबूत के साथ कोई शिकायत मिलती है तो वह जस्टिस लोया की हुई संदि’ग्घ मौ’त की जांच पर विचार करेगी।

गुजरात के फर्जी मु’ठभे’ड़ मामले की सुनवाई कर रहे थे। जिसमें सोहराबुद्दीन शेख का ए’नकाउं’टर किया गया था। जस्टिस लोया की मौ’त संदिग्ध स्थिति में तब हुई थी जब साल 2014 में वो नागपुर में अपने साथी की बेटी की शादी में शामिल होने गये थे।

राज्य के मंत्री एवं राकांपा के प्रवक्ता नवाब मलिक ने पार्टी की एक बैठक में लोया मामले को लेकर ये बात कही। बता दें कि यह मामला उच्च न्यायालय तक पहुंचा था। राज्य सरकार में राकांपा के मंत्रियों की चार घंटे चली बैठक के बाद मलिक ने पत्रकारों से कहा कि यदि हमारे पास पर्याप्त सबूतों के साथ अगर कोई शिकायत आती है तो सरकार न्यायाधीश लोया मामले को एक बार फिर से खोलने पर विचार करेगी।

बता दें कि मंत्री मलिक ने कहा कि शिकायत में यदि कोई सबूत मिलेगी तभी इस मामले की जांच कि जाएगी। उन्होने कहा कि अगर कोई सबूत नहीं मिलती है तो इस मामले में बिना वजह कोई जांच नहीं कि जाएगी।

आपको बता दें 1 दिसंबर 2014 को नागपुर में जस्टिस लोया की हुई मौ’त को उच्चम न्यायालय ने माना था कि उनकी मौ’त प्राकृतिक कारणों से हुई थी। और शीर्ष अदालत ने इस मामले की एसआईटी जांच की मांग को खारिज कर दिया था।