सऊदी अरब ने भारत की इस कंपनी में किया 11 हज़ार करोड़ का निवेश, कहा- भारत बनेगा दुनिया का सबसे बड़ा….

मुकेश अंबानी ने भारत के साथ सऊदी अरब के व्यापारिक रिश्तों को लाभदायक बताया है, सऊदी अरब के इस बड़े निवेश से भारत की अर्थव्यवस्था में काफी सुधार आने की उम्मीद है

सऊदी अरब के पब्लिक इनवेस्टमेंट फंड (पीआईएफ) ने भारत में एक बड़ा निवेश करने की घोषणा की है. यह निवेश 11,367 करोड़ रुपए होगा जो भारत के जियो प्लेटफॉर्म्स में किया जाएगा. पीआईएफ को इस निवेश के जरिए जियो प्लेटफॉर्म्स में 2.32 फीसदी हिस्सेदारी मिलने वाली है. रिलायंस द्वारा जारी किये गए बयान के अनुसार पीआईएफ ने जियो के 4.91 लाख करोड़ रुपए की इक्विटी वैल्यू पर यह निवेश किया है.

वहीं इसकी एंटरप्राइजेज वैल्यू 5.16 लाख करोड़ रुपए फिक्स की गई है. सऊदी कंपनी का यह निवेश जियो प्लेटफॉर्म्स में 10 कंपनियों द्वारा किया गया 11वां निवेश है. पीआईएफ समेत 10 कंपनियों से जियो को अब तक 1,15,693.95 करोड़ रुपए का निवेश प्राप्त हो चूका है. यह निवेश कंपनियों द्वारा 24.70 फीसदी हिस्सेदारी के लिए किया गया है.

मुकेश अंबानी बोले, कई दशकों से सऊदी अरब के साथ बेहतरीन रिश्ते रहे हैं

Jio Ke Malik

इस मौके पर रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और मुख्य प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी ने कहा कि हमारे कई दशकों से सऊदी अरब के साथ बेहतरीन और लाभदायक रिश्ते रहे है.

जियो प्लेटफॉर्म्स में पीआईएफ के निवेश से साफ है कि अब भारत और सऊदी में सिर्फ तेल अर्थव्यवस्था के संबंध नहीं रहेगे बल्कि इससे आगे बढ़कर यह संबंध डेटा-अर्थव्यवस्था को मजबूत प्रदान करेगें.

जियो प्लेटफॉर्म्स में एक महत्वपूर्ण निवेशक के तौर पर

मुकेश अंबानी ने पीआईएफ का जियो प्लेटफॉर्म्स में एक महत्वपूर्ण निवेशक के तौर पर स्वागत करते हुए कहा कि हम 130 करोड़ भारतीयों के जीवन को समृद्ध और सशक्त बनाने और भारत में डिजिटल बदलाव को नई दिशा और नई गति देने के लिए ऐसे कई महत्वाकांक्षी कदम उठाए जा रहे हैं.

Bharat ki Digital Vyvastha

पीआईएफ के गवर्नर यासिर अल-रुम्यायन ने कहा कि हमें एक तेजी से उभरते व्यवसाय में निवेश करने की काफी खुशी है. यह निवेश भारत में प्रौद्योगिकी क्षेत्र में होने वाले परिवर्तन को आगे बढ़ाएगा.

भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था की क्षमता बहुत अधिक

उन्होंने कहा कि भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था की क्षमता बहुत अधिक है और जियो प्लेटफॉर्म्स हमें उस विकास तक पहुंचने के लिए एक मौका देता है. जियो एक ऐसे डिजिटल भारत का निर्माण करने में प्रयासरत है जिसका फायदा 130 करोड़ भारतीयों और करोबारियों को प्राप्त हो सके.

जियो एक ऐसे डिजिटल प्लेटफार्म तैयार कर रहा है जहां देश के छोटे व्यापारियों, माइक्रो कारोबारियों और किसानों के हाथ मजबूत हो सके. यह भारत में डिजिटल क्रांति लाने और दुनिया की सबसे बड़ी डिजिटल ताकतों के बीच भारत को एक अहम स्थान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा हैं.

सूत्रों के मुताबिक मुकेश अंबानी जियो में 50 प्रतिशत तक की हिस्सेदारी रखने वाले है. अभी जियो की 25 प्रतिशत हिस्सेदारी बेची जा चुकी हैं. वैश्विक निवेशकों ने जियो प्लेटफार्म्स में 1,15,693.95 करोड़ रुपए का निवेश किया है. माना जा रहा है कि अभी मुकेश अंबानी 20-25 प्रतिशत हिस्सेदारी आईपीओ के दौरान बेच सकते हैं.

साभार- नवभारत टाइम्स