तब्लीगी जमातियों पर 11 हजार का इनाम रखने वाले ‘हिंदू युवा वाहिनी’ के नेता, कोरोना ने ली उनकी मां-बहन की जा’न

हिंदू युवा वाहिनी के बस्‍ती जिला प्रभारी रहे अज्जू हिंदुस्तानी की बहन के बाद उनकी माँ का भी कोरोना पॉ’जि’टिव आने के बाद निध’न हो गया है. अज्जू की माँ का नि’धन 4 अगस्त को हो गया. अज्जू हिंदुस्तानी की मां हाल ही में कोरोना संक्र’मि’त पाई गई थी, उनका 6 दिन से बस्‍ती मेडिकल कॉलेज के ओपेक चिकित्सालय कैली में इलाज चल रहा था. लेकिन कोरोना वायरस के सं’क्रम’ण का असर तेजी से बढ़ जाने के बाद उनकी हालत बिगड़ गई थी.

जिसके बाद डॉक्टर उन्हें बचाने में नाकाम रहे और अज्जू ने अपनी बहन के बाद माँ को भी कोरोना वायरस के चलते खो दिया. आपको बता दें कि यह वहीं अज्जू हिंदुस्तानी हैं, जिन्होंने अप्रैल महीने में तब्लीगियों को कोरोना फैलाने के लिए पूरी तरह से जिम्मेदार ठहरा दिया था.

योगी के हनुमान कहे जाने वाले ख्यात अज्जू हिंदुस्तानी ने कहा था कि कोरोना के वि’भी’षि’का से जूझते यूपी में सर्वाधिक दोषी तबलीगी जमात और उससे जुड़े हुए लोग ही है. कोरोना म’हामा’री के बस्ती मंडल में फैलने का मुख्य कारण भी जमात और उससे जुड़े लोग ही हैं जिन्होंने लाखों की आबा’दी को ख’तरे में डालकर विकास को रोकने का काम किया हैं.

उन्होंने मांग करते हुए कहा था कि तबलीगी के इन दे’शद्रो’हि’यों पर त्वरित कार्रवाई पुलिस को करना चाहिए. इतना ही नहीं अज्जू हिन्दुस्तानी की अगुवाई में हिं’दू युवा वाहिनी द्वारा घोषणा की गीत थी कि जो कोई भी तब्लीगियों को पकड़ेगा उन्हें हिंदू युवा वाहिनी की ओर से 11 हजार का नकद इनाम प्रदान किया जाएगा.

उन्होंने कहा था कि साजिश के तहत जमाती और रो’हिं’ग्या देश में और यूपी में कोरोना फैला रहे है. हिंदू-मुस्लि’मों के बीच न’फरत की राजनीति को बढाने के लिए अज्जू हिंदुस्तानी वाले वक्तत्व देते रहते थे.

योगी सरकार से मांग करते हुए अज्जू हिंदुस्तानी ने कहा था कि पिछले 10 वर्षों के दौरान जितनी भी नई मस्जिदें, मदरसे और मजारें बनाई गई है उनकी वि’धि’वत जांच होना चाहिए.

उन्होंने कहा कि उन सब की जांच कराई जाए कि उनका संचालन किसके द्वारा हो रहा है और इसकी जमीनों का मालिकाना हक, उसका स्टैंप और नक्शा वैध रूप से है कि नहीं.

साभार- जनज्वार