मुस्लिम समुदाय की महिलाओं ने न्याय नहीं मिलने से आहत होकर विधानसभा के सामने खुद को लगाई आ'ग

मुस्लिम समुदाय की महिलाओं ने न्याय नहीं मिलने से आहत होकर विधानसभा के सामने खुद को लगाई आ’ग

यूपी की राजधानी लखनऊ के हजरतगंज कोतवाली क्षेत्र में स्थित विधानसभा भवन के सामने माँ-बेटी ने आत्मदाह करने की कोशिश की. मामला शुक्रवार का बताया जा रहा हैं. खबरों के अनुसार दोनों ने खुद पर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगा ली. पुलिस ने तुरंत ही दौड़कर उन्हें बचाने का प्रयास किया लेकिन तब तक वो काफी झुलस चुकी हैं. पुलिस ने मां-बेटी को तुरंत सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया.

बताया जा रहा है पीड़िताएं अमेठी के जामो की रहने वाली हैं. इस मामले को लेकर डीसीपी सेंट्रल दिनेश सिंह ने कहा कि लोक भवन के गेट नंबर-3 के सामने अमेठी की रहने वाली मां-बेटी ने खुद पर केरोसिन छिड़ककर आग लगा ली हैं.

उन्होंने बताया कि इस दौरान घटनास्थल पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने कंबल डालकर आग पर काबू पाया. इसके बाद दोनों को इलाज के लिए सिविल हॉस्पिटल भेजा गया हैं फ़िलहाल उनका इलाज जारी हैं.

क्यों उठाया यह कदम

अमेठी के जामो कोतवाली क्षेत्र के कस्बा में रहने वाले अलगू साहू और सोफिया के बीच नाली को लेकर करीब डेढ़ माह पहले विवाद हो गया था. बात इतनी बढ़ गई थी कि दोनों पक्षों के बीच मारपीट तक हो गई थी जबकि पुलिस कागजी कार्रवाई करने में लगी रही.

बताया जा रहा है कि अलगू का बेटा अर्जुन व साफिया की बेटी दोनों ही उच्च प्राथमिक विद्यालय में अनुदेशक के पद पर काम करते हैं. डीएम अरुण कुमार ने कहा कि भूमि में नाली को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद की शुरुआत हुई थी. दोनों पक्षों पर बीते 16 मई को निरोधात्मक कार्रवाई के बाद अगली तारीख एसडीएम कोर्ट में 21 जुलाई दी गई थी.

मीडिया से बातचीत में घायल मां-बेटी की रिश्तेदार ने बताया कि करीब एक माह पहले नाली को लेकर विवाद हो गया था. जिसके बाद अर्जुन, भीम, मिलन और राजकरण ने उन लोगों के साथ मा’रपी’ट की.

इसी की शिकायत पी’डिता ने पुलिस और प्रशासन से कि लेकिन उन्हें न्याय नहीं मिला. बताया जा रहा है कि 9 मई को गुड़िया का अपने पड़ोसी अर्जुन साहू से नाली को लेकर विवाद हो गया था. गुडिया की शिकायत के बाद अर्जुन के खिलाफ 308 के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था.

वहीं विपक्षी अर्जुन साहू की तहरीर पर गुड़िया के खिलाफ 354 के तहत मामला दर्ज किया गया. गौरीगंज सीओ अर्पित कपूर ने दो दिन पहले ही दोनों मां-बेटी का बयान भी दर्ज किये थे. वहीं पुलिस की माने तो दूसरे पक्ष द्वारा दर्ज किए गए मुकदमे के चलते मां-बेटी परेशान थीं और इसीलिए दोनों ने विधानसभा के सामने आ’त्मदा’ह करने का प्रयास किया.